नित्य संदेश एजेंसी
नई दिल्ली। आज साल 2026 का दूसरा और आखिरी सूर्य ग्रहण लग रहा है। यह एक पूर्ण सूर्य ग्रहण (Total Solar Eclipse) है। हिंदू पंचांग के अनुसार यह भाद्रपद माह की अमावस्या पर लग रहा है।
भारतीय समयानुसार यह ग्रहण आज रात 09:04 बजे से शुरू हो चुका है, जो देर रात 01:27 बजे (13 अगस्त) तक चलेगा। इसका चरम समय रात 11:16 बजे रहेगा, जब चंद्रमा सूर्य के सबसे ज्यादा हिस्से को ढकेगा।
भारत में क्यों नहीं दिखेगा?
खगोल विज्ञानियों के अनुसार, यह ग्रहण भारत में रात के समय हो रहा है। रात में सूर्य क्षितिज के नीचे होता है, इसलिए भारत के किसी भी शहर - दिल्ली, मुंबई, मेरठ, कोलकाता में यह दिखाई नहीं देगा। भारत में दिखाई न देने के कारण इस ग्रहण का सूतक काल भी मान्य नहीं होगा। मंदिरों के कपाट बंद नहीं होंगे और किसी भी प्रकार की पाबंदी का पालन करने की जरूरत नहीं है।
कहां-कहां दिखेगा यह दुर्लभ नजारा?
अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी NASA के अनुसार, यह ग्रहण उत्तरी गोलार्ध के लोगों के लिए है:
जहां पूर्ण सूर्य ग्रहण दिखेगा: ग्रीनलैंड, आइसलैंड, उत्तरी रूस, स्पेन और पुर्तगाल के कुछ हिस्से। इन जगहों पर दिन में ही अंधेरा छा जाएगा और सूर्य का कोरोना (बाहरी वलय) दिखाई देगा।
जहां आंशिक सूर्य ग्रहण दिखेगा: पूरे यूरोप (लंदन, पेरिस, बर्लिन), उत्तर-पश्चिम अफ्रीका, कनाडा और अमेरिका के उत्तरी राज्यों में। NASA के मुताबिक आइसलैंड में शाम 5:48 बजे और स्पेन में रात 8:28 बजे पूर्ण ग्रहण शुरू होगा। अमेरिका के कई हिस्सों में सूर्य का सिर्फ एक छोटा सा हिस्सा कटा हुआ नजर आएगा।
NASA करेगा लाइव प्रसारण
जो लोग इस ग्रहण को सीधे नहीं देख पा रहे हैं, वे NASA के आधिकारिक चैनल nasa.gov/live पर रात 10:45 बजे IST से इसका लाइव प्रसारण देख सकते हैं। NASA अपने WB-57 विमान से चंद्रमा की परछाई का पीछा करते हुए इसकी तस्वीरें दिखाएगा।
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