
नित्य संदेश, इंदौर। महिलाओं को एकजुट कर उनकी प्रतिभा को नई पहचान देने और सामाजिक सरोकारों से जोड़ने की दिशा में एक नई पहल की गई है।
उत्तराखंड समाज की महिलाओं के लिए उत्तराखंड वुमेंस क्लब का गठन किया गया है। वही इस क्लब का उद्देश्य यह है कि महिलाओं को सांस्कृतिक, सामाजिक और रचनात्मक गतिविधियों से जोड़ने के साथ-साथ उन्हें आत्मनिर्भर, आत्मविश्वासी और जागरूक बनाना है। वही इस क्लब के गठन में कई महिलाओं की महत्वपूर्ण और बड़ी भूमिका रही है वहीं आने वाले समय में यह मंच समाज सेवा के विभिन्न क्षेत्र में भी अपनी सक्रिय भागीदारी निभाएगा।
उत्तराखंड समाज की महिलाओं को एक मंच पर संगठित करने के उद्देश्य से उत्तराखंड वुमेंस क्लब का गठन किया गया है। वही क्लब के गठन में श्रीमती माया बिष्ट, श्रीमती विनीता नेगी, श्रीमती सीमा डंगवाल, श्रीमती पूनम पंत, श्रीमती प्रिया तिवारी और श्रीमती राजेश्वरी मेंदोला की महत्वपूर्ण भूमिका रही। वहीं श्रीमती मोहनी रावत, श्रीमती बसंती बिष्ट सहित अन्य सहयोगियों का भी इस क्लब के गठन में उल्लेखनीय योगदान रहा है।
वही इस क्लब का उद्देश्य केवल तीज-त्योहार और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित करना नहीं, बल्कि महिलाओं की छिपी हुई प्रतिभाओं को मंच प्रदान करना, उनमें आत्मविश्वास विकसित करना और उन्हें आत्मनिर्भर एवं जागरूक बनाना भी है। जिसके चलते इस क्लब के माध्यम से समय-समय पर हाई टी, थीम पार्टी, तम्बोला, पिकनिक, त्योहारों का सामूहिक उत्सव और विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इसके साथ ही समाज सेवा महिलाओं को इस मंच से सम्मानित भी किया जाएगा। वही वृद्धाश्रम, अनाथ आश्रम तथा आर्थिक रूप से कमजोर और असहाय लोगों की सहायता के लिए विशेष अभियान भी इस क्लब के द्वारा समय-समय पर चलाए जाएंगे।
वही क्लब की संस्थापक सदस्यों का कहना है कि यह मंच महिलाओं के व्यक्तित्व विकास, सामाजिक सहभागिता और उत्तराखंड की समृद्ध संस्कृति को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का माध्यम बनेगा। और उम्मीद की जा रही है कि आने वाले समय में उत्तराखंड वुमेंस क्लब समाज और महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक मजबूत पहचान भी स्थापित करेगा।
No comments:
Post a Comment