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Thursday, April 23, 2026

विश्व पुस्तक दिवस पर विचारोत्तेजक संगोष्ठी का आयोजन किया

 

नित्य संदेश ब्यूरो

मेरठ। विश्व पुस्तक दिवस के पावन अवसर पर तिलक पुस्तकालय एवं वाचनालय, टाउन हॉल, घंटाघर, मेरठ में एक गरिमामयी एवं विचारोत्तेजक संगोष्ठी का भव्य आयोजन किया गया।

धनसिंह कोतवाल शोध संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष तस्वीर सिंह चपराना ने बताया कि कार्यक्रम का उद्देश्य समाज में पठन-पाठन की संस्कृति को बढ़ावा देना तथा पुस्तकों के महत्व के प्रति जन-जागरूकता उत्पन्न करना रहा। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि प्रोफेसर देवेश चंद्र शर्मा जी ने अपने प्रेरणादायक संबोधन में कहा कि पुस्तकें मानव जीवन की सच्ची मार्गदर्शक होती हैं, जो व्यक्ति को अज्ञानता के अंधकार से ज्ञान के प्रकाश की ओर ले जाती हैं। उन्होंने बताया कि तिलक पुस्तकालय वर्ष 1886 से निरंतर ज्ञान-वितरण एवं बौद्धिक विकास का महत्वपूर्ण केंद्र बना हुआ है। उन्होंने विशेष रूप से उल्लेख किया कि वर्तमान में पुस्तकालय में लगभग 60,000 पुस्तकों का समृद्ध संग्रह उपलब्ध है, जिसमें साहित्य, इतिहास, समाजशास्त्र, विज्ञान, दर्शन एवं अन्य विविध विषयों की पुस्तकें शामिल हैं। यह पुस्तकालय न केवल विद्यार्थियों के लिए, बल्कि शोधकर्ताओं एवं साहित्य प्रेमियों के लिए भी एक अमूल्य धरोहर है।

संगोष्ठी में उपस्थित विद्वान जनों ने टाउन हॉल स्थित पुस्तकालय की दुर्दशा का भी अवलोकन किया । पुस्तकालय की दुर्दशा पर प्रोफेसर देवेश चंद्र शर्मा जी कुपित हो गए और उन्होंने शासन और प्रशासन को एक समिति बनाकर यहां की व्यवस्था सुधारने के लिए पत्रावली प्रस्तुत करने का घोषणा की । यहां कर्मचारियों की संख्या केवल दो है, जो की न्यूनतम से भी कम है। जबकि 60000 पुस्तकों की कीमत करोड़ों रुपया है । इस राष्ट्रीय धरोहर रूपी पुस्तकालय में नियम अनुसार संचालन के लिए आवश्यक स्टाफ को भर्ती किया जाना आवश्यक है। आज की बैठक में प्रस्ताव पास हुआ कि इस ऐतिहासिक पुस्तकालय को राष्ट्रीय धरोहर घोषित किया जाए और आरकोलॉजिकल सर्वे आफ इंडिया के तहत इसका संचालन सौंप दिया जाए और यहां पर अंतरराष्ट्रीय स्तर के के अनुसार कर्मचारियों का मानदेय सुनिश्चित हो तभी इस पुस्तकालय की गरिमा सुनिश्चित हो। यह भी प्रस्ताव पास हुआ की राष्ट्रीय धरोहर अच्छे संचालन के लिए भारतीय सरकार का केंद्रीय मंत्रालय शिक्षा विभाग अपने प्रत्यक्ष नियंत्रण में इसका संचालन करें।

विश्व पुस्तक दिवस के अवसर पर 35 ऐसी महत्वपूर्ण पुस्तक जो की बहुत ही रेयर हैं तथा जर्नल्स प्रोफेसर देवेश सिंह शर्मा जी ने तिलक पुस्तकालय को सप्रेम भेंट किया।* कार्यक्रम के अंत में संगोष्ठी में सभी विद्वान प्रबुद्ध जनों ने दीर्घकाल से पर तिलक पुस्तकालय एवं वाचनालय, टाउन हॉल, घंटाघर, मेरठ में सेवारत प्रमोद कुमार और अभय सिंह का माला से गला भरकर बहुत ही सम्मान किया और उनकी सेवा की सराहना की । 

इस अवसर पर शिक्षाविदों, साहित्यकारों, शोधार्थियों, विद्यार्थियों एवं शहर के गणमान्य नागरिकों की उत्साहपूर्ण सहभागिता देखने को मिली। आज की संगोष्ठी में श्री अजय सोम सदस्य कार्यकारिणी, श्री हेमचंद कुशवाहा सदस्य कार्यकारिणी, सुधाकर आशावादी वरिष्ठ साहित्यकार, डॉ गौरव दत्त वरिष्ठ इतिहासकार, सतीश कुमार गुप्ता जी, अभय सिसोदिया जी, प्रमोद उपाध्याय जी, हरेंद्र गौतम जी, छोटे लाल जी, गौतम प्रजापति और तरुण जी आदि उपस्थित रहे।

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