-रघुनाथ गर्ल्स इंटर कॉलेज में किया गया बाल
विवाह मुक्त भारत अभियान का आयोजन
नित्य संदेश ब्यूरो
मेरठ। जनहित फाउंडेशन द्वारा एक्सेस तो जस्टिस परियोजना के तहत
रघुनाथ गर्ल्स इंटर कॉलेज में बाल विवाह मुक्त भारत अभियान कार्यक्रम का आयोजन
किया गया, जिसमें सभी धर्म गुरु को साथ जोड़कर बाल विवाह
मुक्त भारत बनाने की अपील की गईं और सभी बालिकाओं को शपथ दिलाई गई।
पंडित विवेक दत शर्मा ने बाल विवाह का पूरी तरह से विरोध जताया,
उन्होंने बताया यह सही में कानूनी रूप से अपराध है। नायब शहर काजी जैनुल राशिद्दीन ने यह बताया कि हमारे धर्म में भी बालिका की आयु विवाह के लिए 18 वर्ष है और लड़के की
आयु 21 वर्ष है। उन्होंने
बालिकाओं, बालकों को शिक्षा से जोड़ने की बात पर बल दिया। ज्ञानी हरनाम सिंह ने
बताया कि बेटी-बेटा दोनों बराबर है। फादर डेनियल यशु ने कहा कि सभी जगह हम बच्चों को उनकी प्रतिभा को तराशने
का अवसर दे, जिससे बेटियों में कभी भी बेटों से कम है, यह सोच विकसित नहीं होने दे। एसएस ज्योति ने बताया, अगर
पूर्ण विकास होने के बाद विवाह करेंगे तो स्वस्थ बालक का जन्म होगा। राजकुमार ने बाल विवाह भेदी बुराई को खत्म करने के अभियान में अपना पूर्ण
रूप से समर्थन दिया।
सभी धर्म के लोगों
से अभियान से जुड़ने की अपील
सरबजीत कपूर ने सभी धर्म के लोगों को एक साथ इस अभियान से जुड़ने की
अपील की। कार्यक्रम की संयोजिका
अनीता राणा ने सभी धर्म गुरुओं का विशेष आभार जताया और स्कूल की प्रिंसिपल ओर
शिक्षिकाओं का ओर बच्चों का विशेष आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम संयोजिका अनीता
राणा ने मेरी बेटी अभी पढ़ेगी, विवाह की सूली नहीं चढ़ेगी, इस नारे से बालिकाओं में जोश भर दिया।
बालिकाएं हुई जागरूक
तो खत्म हो जाएगा बाल विवाह
अनीता राणा ने मंच से संबोधित करते हुए बताया कि बालिका को कम उम्र में विवाह
की बेड़ियों में नहीं जकड़े, उसको खुलकर जीने दो, जिससे उनका मानसिक और शारीरिक विकास हो सके। प्रिंसिपल
रजनी शंखधर ने बालिकाओं को शपथ दिलाई और भविष्य में भी इस तरह के आयोजन करने की
बात कही। यह बताया कि अगर हर बालिका
अपने आस पास की अन्य बालिकाओं को जागरूक करती रहे तो यह बाल विवाह का खात्मा हो
जाएगा।

No comments:
Post a Comment