नित्य संदेश ब्यूरो
मेरठ। शहर के उभरते हुए कलाकार राजीव काण्डपाल आज अभिनय की दुनिया में अपनी एक अलग पहचान बना रहे हैं। सुभाष नगर, मेरठ निवासी राजीव काण्डपाल ने अपने अभिनय करियर की शुरुआत स्थानीय स्तर से करते हुए अब डिजिटल प्लेटफॉर्म और ओटीटी की दुनिया में कदम रख दिया है।
स्वर्गीय रमेश चंद्र काण्डपाल के पुत्र राजीव ने अभिनय की बारीकियां मेरठ के प्रसिद्ध दर्पण कला केंद्र नाट्य संस्थान से सीखी। उनके अभिनय सफर को दिशा देने में उनके गुरुओं जितेंद्र सी राज (राज भैया) और विनोद कुमार बैचेन का विशेष योगदान रहा, जिन्होंने उन्हें एक बेहतर कलाकार बनने में मार्गदर्शन दिया। राजीव काण्डपाल ने दर्पण कला केंद्र के साथ कई चर्चित नाटकों में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया, जिनमें ताजमहल का टेंडर, जी भैया जी, इंकलाब जिंदाबाद और महिमा साईं की (वीडियो सॉन्ग) शामिल हैं। इसके अलावा उन्होंने कई नुक्कड़ नाटकों के माध्यम से सामाजिक मुद्दों को भी प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया। इसके साथ ही, उन्होंने एस जी एस टाटा थिएटर ग्रुप के साथ मंटो और मैं जैसे गंभीर और प्रभावशाली नाटक में भी अभिनय कर अपनी बहुमुखी प्रतिभा का परिचय दिया।
डिजिटल प्लेटफॉर्म पर भी राजीव सक्रिय हैं। उन्होंने Raavan, The Last House, School Life और कई वीडियो सॉन्ग्स में काम किया है, जिससे उन्हें युवा दर्शकों के बीच पहचान मिली है। अभिनय के साथ-साथ राजीव काण्डपाल ने लेखन में भी हाथ आजमाया है और कुछ शॉर्ट फिल्मों तथा गीतों की रचना की है। राजीव काण्डपाल के अभिनय की प्रेरणा बॉलीवुड के दमदार अभिनेता मनोज वाजपेयी से मिलती है, जिन्हें वह अपना आदर्श मानते हैं।
हाल ही में बातचीत के दौरान अत बन्दे फिल्म प्रोडक्शन के सीईओ राहुल पासी और मैनेजिंग डायरेक्टर मनीष सिंह मनि ने जानकारी दी कि वर्तमान में राजीव काण्डपाल उनके प्रोडक्शन हाउस के साथ जुड़े हुए हैं। उन्हें डिजिटल मार्केट, शॉर्ट फिल्मों और ओटीटी प्लेटफॉर्म के लिए एक बड़ा ब्रेक दिया गया है। राजीव काण्डपाल का यह सफर उन युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत है जो छोटे शहरों से बड़े सपने लेकर अभिनय की दुनिया में कदम रखना चाहते हैं। मेहनत, लगन और सही मार्गदर्शन के साथ सफलता हासिल की जा सकती है—राजीव इसका जीता-जागता उदाहरण हैं।

No comments:
Post a Comment