चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय में स्वास्थ्य और स्वच्छता के प्रति बच्चों को किया जागरूक, भोजन की बर्बादी न करने की दिलाई शपथ
नित्य संदेश ब्यूरो
मेरठ। चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय में कुलपति प्रो. संगीता शुक्ला के निर्देशन में संचालित "आनंदी माँ - एक जीवन बचाओ अभियान" के अंतर्गत जनजागरूकता कार्यक्रमों की श्रृंखला लगातार जारी है। इसी क्रम में विश्वविद्यालय की CSR पहल के अंतर्गत परिसर में संचालित स्ट्रीट गुरुकुल में सहभोज कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य बच्चों एवं प्रतिभागियों में स्वस्थ जीवनशैली, स्वच्छता तथा भोजन के प्रति सकारात्मक एवं जिम्मेदार व्यवहार विकसित करना था। कार्यक्रम में फार्मेसी विभाग की प्राचार्या डॉ. वैशाली पाटिल ने मुख्य वक्ता के रूप में बच्चों को स्वास्थ्य एवं स्वच्छता के महत्व पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने संवादात्मक शैली में हाथों को सही तरीके से धोने की विधि, नाखूनों की स्वच्छता, संतुलित एवं पौष्टिक आहार के महत्व और स्वस्थ खाद्य विकल्पों के चयन पर प्रकाश डाला। साथ ही उन्होंने भोजन की बर्बादी और खाद्य अपव्यय को रोकने के उपायों के बारे में भी जागरूक किया। उन्होंने कहा कि स्वस्थ शरीर और स्वस्थ समाज के निर्माण के लिए स्वच्छता, संतुलित भोजन और अन्न के प्रति संवेदनशील दृष्टिकोण अत्यंत आवश्यक है।
सहभोज प्रारंभ होने से पूर्व सभी उपस्थितजनों ने सामूहिक रूप से प्रार्थना कर अन्न के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की। इसके पश्चात सभी बच्चों और शिक्षकों ने प्रेम, सौहार्द एवं समानता की भावना के साथ एक साथ बैठकर सहभोज का आनंद लिया। कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों ने भोजन की बर्बादी न करने तथा अन्न का सम्मान करने की सामूहिक शपथ ली। सभी ने संकल्प लिया कि वे अपने परिवार एवं समाज में लोगों को खाद्य अपव्यय रोकने के प्रति जागरूक करेंगे। इस अवसर पर डॉ. धर्मेंद्र कुमार, रीता रानी, गार्गी श्रीवास्तव, भारत भूषण शर्मा एवं अगनपाल सहित विश्वविद्यालय के अन्य सहयोगी उपस्थित रहे। सभी के सहयोग से कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
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