सलीम सिद्दीकी
नित्य संदेश, मेरठ। यूपी के विभिन्न मदरसों में पढ़ रहे नेपाल व अन्य विदेशी छात्रों को लेकर शासन ने सख्त रुख अपनाया है। विदेशी क्षेत्रीय पंजीकरण कार्यालय (लखनऊ) द्वारा जारी पत्र के अनुसार राज्य के अधिकांश मदरसे केंद्रीय गृह मंत्रालय के ब्यूरो ऑफ इमीग्रेशन के सी-फॉर्म /एस-फॉर्म पोर्टल पर न तो पंजीकृत हैं और न ही निर्धारित मानकों का पालन कर रहे हैं। शासन के एक पत्र के अनुसार, प्रदेश के कई मदरसों में नेपाल सहित अन्य विदेशी नागरिकता के छात्र नामांकित हैं, लेकिन केवल कुछ ही मदरसों द्वारा आवश्यक इमीग्रेशन अनुपालन किया जा रहा है।
द इमीग्रेशन एंड फॉरेनर्स एक्ट, 2025 की धारा 08 तथा इमीग्रेशन एंड फॉरेनर्स रूल्स, 2025 की धारा 17 के तहत किसी भी आवास के स्वामी को वहां ठहरे विदेशी नागरिक की जानकारी 24 घंटे के भीतर सी-फॉर्म पोर्टल पर देना अनिवार्य है। इसी प्रकार अधिनियम की धारा 09 और नियमों की धारा 16 के अनुसार किसी भी शैक्षणिक संस्थान द्वारा विदेशी छात्र को प्रवेश देने की सूचना सी-फॉर्म / एस-फॉर्म के माध्यम से 24 घंटे में दर्ज की जानी चाहिए। शासन ने प्रदेश के सभी जनपदों में स्थित मदरसों को सी-फॉर्म /एस-फॉर्म पोर्टल पर पंजीकरण कराने एवं अनुपालन सुनिश्चित करने के लिए व्यापक जागरूकता अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं। साथ ही उन सभी मदरसों की सूची भी मांगी गई है जिनमें नेपाल सहित विदेशी छात्र अध्ययनरत हैं।
पत्र में यह भी उल्लेख किया गया है कि उत्तर प्रदेश
के अधिकांश मदरसे अब तक ब्यूरो ऑफ इमीग्रेशन द्वारा जारी मानक संचालन प्रक्रिया का
पालन नहीं कर रहे हैं, जो राष्ट्रीय सुरक्षा एवं विदेशी नागरिकों की निगरानी के दृष्टिकोण
से गंभीर विषय माना जा रहा है। सभी संबंधित जिलाधिकारियों एवं अधिकारियों को निर्देशित
किया गया है कि वे अपने-अपने जनपदों में संचालित मदरसों, जिनमें विदेशी या नेपाली छात्र
नामांकित हैं, की सूची मुख्यालय ल को शीघ्र उपलब्ध कराएं।

No comments:
Post a Comment