अज्ञान रूपी अन्धकार को दूर करने के लिए ज्ञान का दीपक जलाएं। दीपक को आत्म ज्योति का स्वरूप भी कहा गया है, इसलिए दीपक जलाने का अर्थ अपने अंत:करण को ज्ञान से प्रकाशित करना भी है।
"तमसो मा ज्योतिर्गमय"।
अन्धेरों से प्रकाश की और चलों। इस दीपावली पर ऐसा दीप प्रज्ज्वलित करें जिससे हमारा हृदय और मन दोनों ज्ञान के प्रकाश से जगमगा उठे।
महेंद्र कुमार रस्तोगी, कंकरखेड़ा मेरठ।
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