Friday, October 2, 2026

मिर्जा मिन्हाजुद्दीन की दो रचनाएं एनसीईआरटी की 'काव्य मंजरी' में शामिल



-राजभाषा हिंदी पर कार्यशाला व शिक्षक कवि-सम्मेलन में मिर्जा हुए सम्मानित


नित्य संदेश ब्यूरो

मेरठ। फलावदा निवासी एवं जूनियर हाईस्कूल गड़ीना के शिक्षक मिर्जा मिन्हाजुद्दीन की दो रचनाएं एनसीईआरटी की पुस्तक 'काव्य मंजरी' में शामिल हुई हैं।


एनसीईआरटी के केंद्रीय शैक्षिक प्रौद्योगिकी संस्थान (सीआईईटी) दिल्ली ने हिंदी माह-2026 के तहत 25-26 सितंबर को अरविंदो डिजिटल शिक्षा पर राजभाषा हिंदी पर कार्यशाला व शिक्षक कवि-सम्मेलन आयोजित किया, जिसमें 19 राज्यों से 1200 रचनाएं आईं, जिनमें 93 का चयन हुआ। मिन्हाजुद्दीन भी सम्मेलन में आमंत्रित थे। मिर्जा ने बताया कि उनकी शैक्षिक रचना 'फसल चक्र' और साहित्यिक रचना 'हिंदी सबको जोड़ती है' को काव्य मंजरी पुस्तक में स्थान मिला है। उन्हें पुस्तक की प्रति दी गई और सम्मानित भी किया गया। कार्यक्रम में एनसीईआरटी निदेशक डॉ. दिनेश प्रसाद सकलानी, मॉरीशस विश्व हिंदी सचिवालय के उप महासचिव शुभंकर मिश्र, प्रो. रामानुज शर्मा, प्रो. अमरेंद्र प्रसाद बेहरा सहित कई विद्वान मौजूद रहे।


कविताओं के बारे में

'फसल चक्र' फसलों पर आधारित पाठ के सरलीकरण के लिए वह कविता है, जिसके द्वारा बालक गीत के माध्यम से तीनों फसलों के प्रकार, उनकी बुआई-कटाई और फसलों के सामान्य ज्ञान को रूप में कुछ ही देर में आसानी से याद कर लेते हैं। वहीं 'हिंदी सबको जोड़ती है' वह रचना है, जिसके द्वारा देश-विदेश के कई स्कूलों की दीवारों पर नवाचार प्रेमियों ने इस कविता को लिखवाया है।


शिक्षक में 27 सालों का अनुभव

कस्बा फलावदा निवासी मिर्जा मिन्हाजुद्दीन वर्तमान में जूनियर हाईस्कूल गड़ीना में सहायक अध्यापक पद पर कार्यरत हैं। इससे पहले वे 11 साल तक छोटा मवाना स्थित जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान में रहे और बीटीसी प्रशिक्षुओं को प्रशिक्षित किया। उन्हें 27 वर्ष का अध्यापन अनुभव है एवं साहित्य क्षेत्र में गद्य व पद्य में शैक्षिक नवाचार के रूप में रचनाएं करते हैं।

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